प्रोजेक्ट ‘उत्कर्ष’ के तहत सरकारी स्कूलों को मिला आधुनिक फर्नीचर और सुविधाएँ

Estimated read time 1 min read

पुस्तकालयों में महापुरुषों की जीवनी व मैगजीन भी अनिवार्य

देहरादून: प्रोजेक्ट ‘उत्कर्ष’ के तहत जिले के सभी सरकारी स्कूल फर्नीचरयुक्त हो गए हैं और बच्चों को आधुनिक पठन-पाठन व खेल सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं।

प्रोजेक्ट के तहत 46 विद्यालयों में विद्युत संयोजन, 1248 विद्यालयों में व्हाइट बोर्ड, 348 में पानी की टंकी, 754 में मंकी नेट, 246 में झूले, 337 में बेबी स्लाइड, 46 में वॉलीबॉल कोर्ट, 109 में बैडमिंटन कोर्ट और 93 विद्यालयों में वॉल पेंटिंग कराई गई है। 39 प्राथमिक और 45 माध्यमिक विद्यालय फर्नीचरयुक्त किए गए हैं। हर कक्षा में एलईडी स्क्रीन लगाने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है।

केजीबीवी कोरवा (कालसी) में डिजिटल बोर्ड, सीसीटीवी कैमरे, इंटरनेट कनेक्शन, रोटीमेकर, वॉटर प्यूरीफायर, डाइनिंग टेबल-कुर्सियां, हीटर और अन्य आधुनिक सुविधाएँ उपलब्ध करा दी गई हैं। छात्रावास में खेल मैदान का समतलीकरण, कोबरा फेंसिंग, पेयजल व वाटर हार्वेस्टिंग की व्यवस्था भी की जा रही है।

बच्चों को मिलेगी आधुनिक शिक्षा और खेल सुविधाएँ

प्रोजेक्ट उत्कर्ष के अंतर्गत 215 राजकीय विद्यालयों को सीएसआर मद से 6801 फर्नीचर उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा डीएमएफ, हुडको और ओएनजीसी ने भी विशेष सहयोग दिया है।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि प्रत्येक विद्यालय की लाइब्रेरी में समाचार पत्र, सामान्य ज्ञान की पुस्तकें, महापुरुषों की जीवनियाँ, आत्मकथाएँ और प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित किताबें अनिवार्य रूप से रखी जाएँ। बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ खेल और कौशल विकास से भी जोड़ा जा रहा है, ताकि वे भविष्य की प्रतिस्पर्धाओं के लिए तैयार हो सकें।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, मुख्य शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार ढौंडियाल, जिला शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours