चारधाम यात्रा पंजीकरण हेतु ट्राजिट कैम्प ऋषिकेश में 30 पंजीकरण कांउटर सहित 30 मोबाईल टीमें तैनात

Estimated read time 1 min read

यात्रा ट्रांजिस्ट कैंम्प में इंटीग्रेटेड कंट्रोलरूम 24×7 सक्रिय रखने तथा यात्रियों को निःशुल्क चाय-नाश्ता, भोजन की व्यवस्था बनाने को डीएम ने दिए निर्देश

सफाई कार्यों हेतु नगर निगम ऋषिकेश को जिला योजना से मौके पर ही 50 लाख स्वीकृत; पेयजल निगम की कार्य अनुमति निरस्त 19 से पहले रोड रिस्टोर करने के निर्देश

देहरादून। उत्तराखंड की प्रसिद्ध चारधाम यात्रा 2026 का शुभारंभ 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर होने जा रहा है। यात्रा को सुव्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में जिलाधिकारी सविन बंसल ने ऋषिकेश स्थित ट्रांजिट कैंप में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

बैठक के बाद जिलाधिकारी ने ट्रांजिट कैंप का निरीक्षण कर पंजीकरण कक्ष, यात्री सुविधाओं और अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि ट्रांजिट कैंप में 24 पंजीकरण काउंटर और आईएसबीटी पर 6 काउंटर स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा 30 मोबाइल टीमें भी तैनात की गई हैं, जिनमें 25 टीमें दिन में और 5 टीमें रात के समय होटल, धर्मशालाओं और सरायों में ठहरे यात्रियों का पंजीकरण करेंगी। यात्रियों के ठहरने के लिए विभिन्न धर्मशालाओं और आश्रमों में करीब 7100 बेड चिन्हित किए गए हैं।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि ट्रांजिट कैंप में बड़ी स्क्रीन लगाकर होटल, धर्मशाला और उपलब्ध बेड की जानकारी प्रदर्शित की जाए, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही 24×7 इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम स्थापित करने, अलग से पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के कंट्रोल रूम संचालित करने और यात्री सहायता केंद्र खोलने के निर्देश भी दिए गए।

स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन सतर्क है। ऋषिकेश और हरबर्टपुर में 24 घंटे मेडिकल टीमें तैनात की जाएंगी। मुख्य चिकित्साधिकारी के अनुसार कुल 6 मेडिकल टीमें तैनात की गई हैं, जिनमें 3-3 टीमें दोनों स्थानों पर रहेंगी। इसके अलावा यात्रा मार्गों पर पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए जल संस्थान को निर्देशित किया गया है।

यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने ट्रांजिट कैंप में निःशुल्क चाय-नाश्ता और भोजन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इस कार्य में स्वयं सहायता समूहों और सामाजिक संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाएगा।

वहीं, निर्माण कार्यों में लापरवाही पर सख्त रुख अपनाते हुए जिलाधिकारी ने उत्तराखंड पेयजल निगम की कार्य अनुमति निरस्त कर दी है और 19 अप्रैल से पहले सभी खुदी सड़कों को ठीक करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही लोक निर्माण विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को यात्रा मार्गों पर चिन्हित ब्लैक स्पॉट को समयबद्ध तरीके से दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं।

सफाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए नगर निगम ऋषिकेश को जिला योजना से मौके पर ही 50 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। जिलाधिकारी ने पर्याप्त सफाई कर्मियों की तैनाती और फॉगिंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही सफाई कार्य में लापरवाही बरतने वाली अनुबंधित फर्म को ब्लैकलिस्ट करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

प्रशासन का दावा है कि इस बार चारधाम यात्रा को पहले से अधिक सुव्यवस्थित, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

You May Also Like

More From Author